क्यों कोई किसी से इतनी नफरत करता है कि उसकी हर बात ही बुरी हो जाती है.
और व्यक्ति उसको परास्त करने की खातिर कुछ भी, कुछ भी करने को उतारू हो जाये.....!!!
बच्चों ने क्या बिगाड़ा था भला???दुश्मनी जिससे थी भिड़ लेते उसीसे...
जो तुम्हें करना था,वह तो तुमने कर लिया , तुम्हारी ख्वाहिश(शायद अंतिम हो)पूरी हो ही गई तो अब जीना कैसा???
चूंकि मुंह दिखाने लायक तो रहे नहीं......
खुद के लिए भी एक अंतिम दिशा तय कर ही लो....
क्यों सरकार , न्यायालय एवम आम लोगों का समय बर्बाद करना....
कम से कम प्रायश्चित तो हो ही जायेगा....
Aparna Jha
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